Current Details

प्रधानमंत्री जन धन योजना: ‘सबका साथ सबका विकास’ की ओर कदम

- यह योजना क्या है और यह पहले की योजनाओं से कैसे भिन् है

- ’प्रधानमंत्री धन जन योजनाकी परिकल्पना वित्तीय समावेश पर राष्ट्रीय मिशन के रूप में की गई है।
- इसका उद्देश् देश के प्रत्येक परिवार को बैंकिंग सुविधा के दायरे में लाना और प्रत्येक परिवार के लिए बैंक खाता खोलना है। 
- वित्तीय समावेश यह समावेशी वित् समाज के वंचित तथा निम् आय वर्ग के लोगों वहन करने योग् लागत पर वित्तीय सेवाएं देना है।
- यह वित्तीय अलगाव की उस अवधारणा के उलट है जिसमें सेवा उपलब् नहीं होते यह सेवा वहन करने योग् मूल् पर नहीं मिलती। 
- यह कहा जाता है कि बैंकिंग सेवाओं का स्वभाव जन उत्पाद है पूरी आबादी को बिना किसी भेदभाव के बैंकिंग तथा भुगतान सेवाएं देना लोक नीति में वित्तीय समावेश का उद्देश् है। 
- बैंक खाता होने से प्रत्येक परिवार की पहुंच बैंकिंग तथा ऋण सुविधा तक होती है इससे परिवार के लोग कर्जदारों के चंगुल से बाहर आते हैं, आपात स्थिति के कारण वित्तीय संकट को दूर रख पाते हैं और विभिन् प्रकार के वित्तीय उत्पादों/लाभों का फल उठाते हैं।

=>देश में वित्तीय समावेश की वर्तमान स्थिति :-
-
वित्तीय समावेश सुनिश्चित करने के लिए भारतीय रिजर्व बैंक/भारत सरकार ने अनेक प्रयास किये हैं।
- इनमें बैंकों का राष्ट्रीयकरण, बैंक शाखा नेटवर्क का विस्तार, सहकारी तथा क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों की स्थापना और उनका विस्तार, पीएस उधारी व्यवस्था लागू करना, लीड बैंक योजना स्वयं सहायता समुह का गठन तथा राज् विशेष दृष्टि से एसएलबीसी द्वारा सरकार प्रायोजित योजनाओं को विकसित करना शामिल है। 
- 2005-06 के दौरान भारतीय

Back to Top